पाठक संख्या

Follow by Email

गर्व से कहो हम हिन्दुस्तानी है !

गर्व से कहो हम हिन्दुस्तानी है !
गर्व से कहो हम हिन्दुस्तानी है !

MILINDRA TRIPATHI UJJAIN

milindra tripathi

Monday, June 17, 2013

सेवा कार्य social work in ujjain from milindra tripathi


























Monday, May 13, 2013

ujjain ngo ,09098369093


पढ़े जरुर ! शेयर करें ! ताकि आपके माध्यम से एक बहुत बड़ा काम हो जाये !

हमारा एनजीओ इस समय ग्रामीण अंचल में एक स्कुल का सचालन कर रहा है ! जहां निर्धन गरीब मजदुर वर्ग के बच्चों को उच्च गुणवत्ता की शिक्षा प्रदान की जा रही है ! जहां अभी हम 79 बच्चों को शिक्षा प्रदान कर रहे है !

साथ ही गरीब परिवार की महिलाओ के लिये उज्जैन शहर में हम एक सिलाई केन्द्र बहुत जल्द ही खोलने जा रहे है ! जहां ट्रेनिंग के बाद हम उन्हें हमारे केन्द्र पर ही रोजगार प्रदान करेंगे ! अभी ऐसी ३० महिलाओ को पहले तीन महीने के लिये चयन किया है !

हमारा सबसे बड़ा प्रयास किसी निसहाय , कमजोर ,वृद्ध-निशक्तजनों ,बच्चों को हम भूखा न सोने दें ! दिन भर में कम से कम एक समय हम उन्हें भोजन प्रदान करें !

मित्रों , आज हम एक दिन भूखे नही रह सकते ! पर कई गरीब लाचार बच्चे कई दिन रात भूखे ही सो जाते है ! कुपोषित भारत के आकडे इसका एक सबूत है ! जब कुछ नही कर पाते तो भूख से मजबूर हो कर ये भीख तक मांगने लगते है ! लाचार होते है ! कुछ कमा नही सकते ! मज़बूरी के फायदा उठा कर कई बार इन बच्चों से कम पैसे दे कर कई लोग बाल मजदूरी करवा लेते है ! सरकार अपने गेंहू सडा कर शराब माफियों को बेच देती है 65 पैसे प्रति किलो के रेट पर इनके मुहं में निवाला तक नही जाता

मैने देखा है जो मजदुर गरीब है वो भूखा सो जाता है पर किसी के आगे हाथ नही फैलाता है ! भीख नही मांगता उसके बच्चे रों रों कर भूखे सो जाते है ! असली मदद इन लोगो तक पहुचानी है !
इसी प्रयास में एक एनजीओ लगा हुआ है ! क्या आप हमारा साथ देंगे ????

आज अक्षय तृतीया है ! आज के दिन किया गया दान का कभी क्षय नही होता !

जो भी सहयोग राशि आप देंगे वो जो भी हो हमारे लिये आपका ये प्रयास ही अनमोल होगा !
राशि जो भी हो भवाना इन्शान को बड़ा बनाती है !

आपके १० रूपये भी एक बच्चे के एक समय के भोजन के लिये काम आयेंगे जो आप मूवी देख कर , मोबाईल बेलेंस में , धूम्रपान में फ़ालतू बर्बाद कर देते है !
********************************

एनजीओ का नाम - श्री सनत सेवा समिति उज्जैन म्.प्र

{रजी.क्रमांक 07/33/01/09244/11 }

bank - boi indira nagar ujjain बैंक ऑफ इंडिया

ifsc code -- bkid0009126

a/c no 912610110008057 ये हमारे एनजीओ का करंट खाता है !

अधिक जानकारी के लिये सम्पर्क करे -
09098369093
09479909093
08109511095

Saturday, May 11, 2013

उज्जैन एनजीओ ujjain ngo




एक बार जरुर पढ़े दोस्तों !!

मुझे कई लोगो ने कई बार कहां कि फेसबुक से कुछ नही होता यहां बोलने का कोई मतलब नही यहां लोग बस टाईमपास करते है ! क्या ये सच है या नही ??

क्या आप लोग समाज सेवा के एक महान यज्ञ में अपना योगदान दे कर इस बात को साबित करने में मेरी मदद करेंगे ?? की हम बाते नही करते बल्कि सच में कुछ करते भी है !

हम भूखो को भोजन वितरण का एक महान सेवा कार्य कर रहे है ! जिसमे मजदुर वर्ग के बच्चों निस्तजनों को कम से कम एक समय का भोजन प्रदान किया जा सके ! आप जो भी सहयोग राशि प्रदान करना चाहे हमे हमारे एनजीओ के खाते में जमा करके उन लोगो की मदद कर सकते है ! अधिक जानकारी के लिये आप हमारे निचे दिये मोबाईल नम्बर पर संपर्क कर सकते है !

एनजीओ भारत सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त है !

नाम - श्री सनत सेवा समिति उज्जैन म्.प्र

bank - boi indira nagar ujjain बैंक ऑफ इंडिया

ifsc code -- bkid0009126

a/c no 912610110008057 ये हमारे एनजीओ का करंट खाता है !

अधिक जानकारी के लिये सम्पर्क करे -
09098369093
09479909093
08109511095
 


Monday, April 22, 2013

"आरम्भ हो प्रचंड " - मिलिन्द्र त्रिपाठी

        "आरम्भ हो प्रचंड " Milindra tripathi

छोडो मेहँदी खडक संभालो, खुद ही अपना चीर बचा लो

जाल बिछाये बैठे शकुनि, मस्तक सब बिक जायेंगे
सुनो द्रोपदी शस्त्र उठालो, अब गोविंद ना आयेंगे

कब तक आस लगाओगी तुम, बिक़े हुए अखबारों से,
कैसी रक्षा मांग रही हो दुशासन दरबारों से|

स्वयं जो लज्जा हीन पड़े हैं वे क्या लाज बचायेंगे
सुनो द्रोपदी शस्त्र उठालो अब गोविंद ना आयंगे

कल तक केवल अँधा राजा, अब गूंगा बहरा भी है
होठ सील दिए हैं जनता के, कानों पर पहरा भी है

तुम ही कहो ये अश्रु तुम्हारे, किसको क्या समझायेंगे?
सुनो द्रोपदी शस्त्र उठालो, अब गोविंद ना आयेंगे...
  
मिलिन्द्र त्रिपाठी "उज्जैन" 09098369093 
https://www.facebook.com/pages/Milindra-tripathi/205154509526155?ref=hl

Tuesday, February 19, 2013

गुजरात दंगो का सच - 2

जस्टिस काटजू कांग्रेस के पता नहीं किस एहसान तले दबे हैं की अपने ऊट पटांग बयान में मोदी जी पर आक्षेप लगा रहे हैं! आम आदमी तो अनिभिज्ञ हो सकता है पर जब काटजू जैसे लोग जान बूझ कर ऐसे भ्रमित करने वाले बयान देते हैं तो देश और देशवासियों से गद्दारी की बू आती है! इन दंगे फसाद के ऐसे एक तरफा बयान क्यों आते हैं? दंगा हुआ था कोई नरसंहार नहीं! सिख दंगे जो की श्रीमती इंदिरा गाँधी की मृत्यु के बाद हुए थे वह शायद सही अर्थो में नर संहार था! परन्तु उसके बारे में कोई बोलता ही नहीं है! आखिर भारत की गरीब जनता के साथ खड़े रह कर जस्टिस काटजू जैसे बिक़े हुए लोगो को मिल भी क्या सकता है? 

एक बात को हमेशा अनदेखा कर दिया जाता है जब भी गोधरा की बात उठती है! काटजू जैसे भ्रष्ट और बिकी हुयी मीडिया भूल जाते हैं एक महत्वपूर्ण शख्स का नाम जिसने गोधरा दंगे की पृष्ठभूमि रची थी! वह थे कांग्रेसी MP "एहसान जाफरी"!!! जिन्होंने साबरमती एक्सप्रेस से लौट रहे कारसेवको के जलने पर नमक छिड़कते हुए मिठाइयाँ बांटी थी! मासूम औरतों और बच्चों के जलने पर संवेदना से भरे शब्द नहीं थे इनके पास बल्कि दुःख से संतप्त परिजनों के गुस्से को भड़काने के लिए जो नहीं करना चाहिए था वह किया! मेरे ख़याल में किसी का भी कोई परिजन ऐसी दुर्घटना से मरे और सामने वाला दिखा दिखा के खुशियाँ मनाये तो शायद किसी का भी अपने गुस्से पर काबू रखना मुश्किल हो जायेगा! आखिर वही हुआ जिसका डर था दुःख से संतप्त भीड़ ने जाफरी साहब को जिंदा जला दिया! और उसके साथ साथ और पता नहीं कितने लोग जला दिए गए! जब इतने मासूम लोगो के जल कर मर जाने पर कोई मिठाई बांटेगा तो क्या उससे दंगे नहीं भड़केंगे? कोई कांग्रेस से भी पूछे की गोधरा काण्ड की इतनी चिंता थी तो सहायता भेजने से मना क्यों कर दिया था?

आज गोधरा काण्ड के लिए मोदी जी को बार बार दोषी ठहराया जाता है परन्तु पूर्व कांग्रेस के MP एहसान जाफरी का नाम कोई नहीं लेता! आखिर क्यों? सिर्फ इसलिए की जो मर गए है उनके खिलाफ हम नहीं बोलते? या फिर मोदी जी को फसा कर कांग्रेस अपने निकम्मेपन को छिपाना चाहती है? कांग्रेस जो काम 66 साल में विदेशियों के तलवे चाट कर नहीं कर पाई वह अपने "देसी मैन" मोदी जी ने 10 सालो में कर दिया! आखिर इससे बेहतर तमाचा कांग्रेस के मुह पर क्या पड़ सकता था? कांग्रेस ने केवल देश को बांटा है कभी प्रान्त के नाम पर, कभी भाषा के नाम पर, कभी धर्म के नाम पर! अब बहुत हो चूका!! अब हमे अपनी देसी पार्टी और अपना देसी प्रधानमंत्री चाहिए!!! 

यानी की मोदी जी!  Milindra tripathi प्रस्तुति - भाई मिलिन्द्र त्रिपाठी 

Sunday, February 17, 2013

"भारत माता की बिंदी हमारी अपनी हिंदी "

"भारत माता की बिंदी हमारी अपनी हिंदी "
अंग्रजी भाषा की डिक्शनरी मेँ
मात्र चार लाख शब्द हैँ........!!
मित्रोँ, हमारे देश मेँ एक सबसे बड़ा झूठ
प्रचारित किया जाता है
कि अंग्रेजी के बिना कुछ
नहीँ हो सकता क्योँकि यह पूरे विश्व
की भाषा है और सबसे समृद्ध है। आइये
आपको अंग्रेजी की सच्चाई बताते हैँ-
1. भारत अकेला ऐँसा देश है
जहाँ विदेशी भाषा अंग्रजी मेँ
शिक्षा दी जाती है।
बाकि सभी देश अपनी मातृ भाषा मेँ
ही अपनी शिक्षा ग्रहण करते है।
2. पूरे विश्व मेँ सबसे अधिक
बोली जाने वाली भाषा चीनी है
फिर इसके बाद हिन्दी और तीसरे
स्थान पर रुसी भाषा है।
अंगेजी का बारहवाँ स्थान है।
तो फिर अंग्रेजी पूरे विश्व
की भाषा कहाँ से हो गयी?
3. हमारा देश ही एकमात्र
अकेला ऐँसा देश है
जहाँ विदेशी भाषा मेँ समाचार पत्र
छपते हैँ। बाकि किसी भी दूसरे देश मेँ
विदेशी भाषा मेँ अखबार नहीँ छपते
हैँ। और अगर छपते भी हैँ तो बहुत कम
मात्रा मेँ।
4. अंग्रजी भाषा की डिक्शनरी मेँ
मात्र चार लाख शब्द हैँ और
अंग्रेजी के मूल शब्द सिर्फ 65 हजार हैँ
बाकि दूसरे भाषाओँ से चोरी किये
हुये शब्द हैँ। इसके विपरीत हिन्दी मेँ 70
लाख तथा संस्कृत मेँ 100 अरब से
भी अधिक शब्द हैँ और जिस
भाषा का शब्दकोष जितना अधिक
होता है वह भाषा उतनी ही अधिक
समृद्ध होती है अर्थात
अंग्रेजी का व्याकरण सबसे खराब है।
5. दुनिया का कोई भी धर्मशास्त्र
और अन्य पुस्तकेँ कभी अंग्रेजी मेँ
नही लिखी गयी। इसके
अलावा कोई भी दर्शनशास्त्री,
धर्मशास्त्री आजतक
अंग्रेजी भाषा बोलने
वाला नहीँ हुआ। रुसो, प्लूटो, अरस्तू
इत्यादि इनका अंग्रेजी भाषा से
कोई लेना-देना नहीँ था। यहाँ तक
की ईसा मसीह
की अपनी भाषा कभी भी अंग्रेजी नहीँ रही।
ईसा मसीह ने जो उपदेश दिये थे
वो भी अंग्रेजी भाषा मेँ
कभी नहीँ दिये। बल्कि ईसा मसीह ने
अरमेक भाषा में अपने उपदेश दिए थे। और
बाइबिल भी अंग्रेजी भाषा मेँ
नहीँ लिखी गयी थी। बल्कि अरमेक
भाषा में लिखी गयी थी। अरमेक
भाषा की लिपि बिल्कुल
बांग्ला भाषा की लिपि के तरह
थी।
6. सयुक्त राष्ट्र महासंघ और
नासा की रिपोर्ट के अनुसार संस्कृत
भाषा कम्प्यूटर के लिये सबसे उत्तम् है
क्योँकि इसका व्याकरण शत् प्रतिशत
शुद्ध है। इसके अलावा अंग्रेजों ने
दुनिया में सबसे कम वैज्ञानिक शोध
कार्य किये।
तो मित्रोँ ये कहानी है
अंग्रजी भाषा की और हमारे देश मेँ
बच्चोँ के ऊपर जबरदस्ती अंग्रेजी थोप
दी जाती है।
तथा बच्चा बेचारा सारी उम्र
अंग्रेजी का मारा फिरता रहता है।
और उसके सिर्फ अंग्रेजी सीखने के
चक्कर मेँ दूसरे महत्वपूर्ण विषय छूट जाते
हैँ। इसके अलावा जब सेना के ऑफिसर
की भर्ती होती है
तो वहाँ भी अंग्रेजी आना जरुरी होता है।
अब अंग्रेजी का फौज से
क्या लेना देना। विश्व के ताकतवर
देश चीन जापान जर्मनी फ्राँस
इत्यादि देश के सैनिक
तो अंग्रेजी जानते भी नहीँ हैँ।
तो मित्रोँ हमको इस अंग्रेजियत
की गुलामी से बाहर
निकलना होगा।
क्योँकि किसी भी राष्ट्र
का सम्पूर्ण विकास सिर्फ
उनकी मातृभाषा और
राष्ट्रभाषा मेँ हो सकता है।

वन्दे मातरम् ।।जय हिन्द । जय भारत।।जय    
मातृभूमि   ****** मिलिन्द्र त्रिपाठी *******

Saturday, February 9, 2013

नरेंद्र मोदी एक बब्बर शेर

"सिंह सी हुंकार -देश की पुकार 
अब की बार बस और बस मोदी सरकार " रचना कार Milindra tripathi
भाई मिलिन्द्र त्रिपाठी "www.milindra.blogspot.com"


Friday, February 8, 2013

अफजल को फाँसी पर देश भर में उल्लास

आप सभी देशवासियों के भारी विरोध और लगातार फाँसी की मांग के आगे आखिर कार सरकार को झुकना ही पड़ा ! आओ अपनी इस जीत का हम सब जश्न मनाते है ! आप सभी को बधाई ! जय हिंद जय भारत Milindra tripathi
कट्टर देशभक्त - भाई मिलिन्द्र त्रिपाठी 
www.milindra.blogspot.com

Thursday, February 7, 2013

"एक देशद्रोही परिवार गांधी नेहरु परिवार "

नेहरु गांधी परिवार ने कई देशभक्त और क्रांतिकारीयों को अंग्रेजो के साथ मिल कर मौत के घाट उतारा था ताकि वो सत्ता में रह सके ! आज भी ये परिवार किसी और को सत्ता में नही रहने देना चाहता और जो रहता है उसका रिमोट अपने हाथ में रखते है ! अब समय आ गया है इनकी गंदी राजनीति को समझने का ये लोग धर्म ,जाती ,आरक्षण की राजनीति करते है कभी विकास की राजनीति नही करते ! आओ इनको देश से निकाल फैके ! "खुद भी जागे ओरो को भी जगाए इनको देश से निकाल भगाए "- Milindra tripathi - कट्टर देशभक्त मिलिन्द्र त्रिपाठी

भारत का अगले प्रधानमंत्री "मोदी जी "

क्या आप मोदी जी के साथ हो ! जो कभी धर्म जाती की बात नही करते ! बस विकास की और भारत के सम्पूर्ण विकास की बात करते है ! या आप उन लोगो के साथ हो जो देश को कई टुकड़े में बाटने पर तुले हुए है ! और धर्म ,जाती की गंदी राजनीति करते है ! एक साजिश के तहत ऐसे लोग मोदी जी को बदनाम भी करते है ! इन बदनाम करने वालो में कांग्रेस ,सपा ,बसपा ,जेडीयू ,वाम दल एक साथ है ! और मोदी जी अकेले है ! क्या आप मोदी जी का साथ दोगे ! तो आओ इस देशभक्त के हाथ मजबूत करते है ! लेखक - भाई Milindra tripathi
मिलिन्द्र त्रिपाठी !

Saturday, December 29, 2012

माँ में जा रहीं हूँ !

" माँ बहुत दर्द देकर बहुत दर्द सहकर तुझसे कुछ कहकर ,में जा रही हूँ

आज मेरी विदाई में सब सखिया आएंगी
सफ़ेद जोड़े में लिपटी देख ,सिसक सिसक मर जायेंगी
लड़की होने का वो खुद पर अफ़सोस जताएंगी ..
माँ तू उनसे इतना कह देना ,दरिंदो की दुनिया में संभल कर रहना

माँ राखी पर जब भैया की कलाई सुनी रह जायेगी
याद मुझे कर ,जब जब उनकी आँख भर आएगी
तिलक माथे पर करने को रूह मेरी भी मचल जायेगी
माँ तू भैया को रोने मत देना ..
में हर पल उनके साथ हूँ कह देना ..

माँ .. पापा भी छुप छुप बहुत रोएंगे में कुछ न कर पाया कह खुद को कोसेंगे
माँ दर्द उन्हें ये होने न देना वो अभिमान है मेरा , सम्मान है मेरा तू उनसे इतना कह देना ..

माँ तेरे लिए अब क्या कहूँ दर्द को तेरे शब्दों में कैसे बांधू फिर से जीना का मौका कैसे मांगू.

माँ लोग तुझे सताएंगे
मुझ को आजादी देने का इल्जाम लगाएँगे
माँ सब सह लेना ..पर ये न कहना
" अगले जन्म मुझे बिटिया न देना "
प्रेषक -मिलिन्द्र त्रिपाठी

Wednesday, December 19, 2012

narendra modi

गुजरात में मोदी जी की हेट्रिक तय ! अभी अभी मिले परिणाम में मोदी जी आगे !

Friday, December 7, 2012

अब कांग्रेस के कई जुठ एक साथ एक लेख में


नीच कांग्रेस अब गुजरात को भी जातिवाद के जहर में धकेलना चाह रही है
कांग्रेस ने सूरत में सभी पटेलो के घर एक पर्ची बंटवा रही है जिसमे जातिवाद फ़ैलाने की जहर भरी बाते लिखी हुयी है .. आज
कांग्रेस को केशुभाई की याद आ रही है .लेकिन जब केशुभाई गुजरात के मुख्यमंत्री थे तब इसी कांग्रेस के इशारे पर गद्दार
शंकर सिंह वाघेला ने उनके खिलाफ बगावत कर दिया था .. और ३० विधायको को कांग्रेस नेता और तबके गुजरात प्रदेश के
प्रभारी कमलनाथ के निजी विमान से खजुराहो में कमलनाथ के ही होटल में रखवाया था |
फिर बाद में शंकर सिंह वाघेला ने कांग्रेस से समर्थन लेकर कुछ महीनों के लिए गुजरात के मुख्यमंत्री भी बने .. और
यही नीच कांग्रेस जो आज बार बार केशुभाई से झूठी हमदर्दी दिखा रही है उसने राष्ट्रपति से मिलाकर केशुभाई पटेल के
कार्यकाल में हुए सभी कामो को जांचने की मांग की थी .. और तबके गुजरात कांग्रेस के नेता केशुभाई पटेल को दुनिया का
सबसे भ्रष्ट इंसान कहते थे |उस समय एक अखबार ने एक लेख लिखा था जिसमे शंकर सिंह वाघेला की तुलना दुनिया के
अब तक के सबसे बड़े गद्दार ब्रूटस से किया था . मै गुजरात के सबसे अग्रेसर और मेहनती , जमीन से जुड़े हुए और काफी
ईमानदार और मिलनसार पटेल समुदाय से अपील करता हूँ कि वो कांग्रेस के दोगलेपन को पहचाने .. आज कांग्रेस सत्ता पाने
के लिए किसी भी स्तर तक गिर सकती है .. आज जो कांग्रेस बार बार केशुबापा केशुबापा की रत लगा रही है ये सिर्फ सत्ता
पाने के लिए की जा रही एक घटिया नौटंकी है |तब कांग्रेस को केशुबापा के अपमान की चिंता क्यों नही हुयी जब कांग्रेस ने
समर्थन देकर शंकर सिंह वाघेला को मुख्यमंत्री बना दिया था ?
सोचो मेरे पटेल मित्रों और इसे अपने समुदाय के दूसरे लोगो को भी बताओ |किसी भी देश या प्रदेश का भला जातिवाद के जहर
से नही हो सकता
महाझूठा झूठवाडिया ने फिर ओरल डायरिया किया है की गुजरात सरकार गोवा की
तरह गैस और डीजल पेट्रोल पर राहत क्यों नहीं दे रही है ....
मित्रों एक खबर जो नही बताई जा रही है कि गोवा सरकार के आमदनी का सबसे बड़ा स्रोत केसिनो पर लगने वाले टैक्स है ..
जिसमे विदेशी से ४०० रूपये और भारतीय से १२० रूपये सरकार प्रवेश शुल्क वसूलती है |फिर केसिनो मे जितने वाली रकम पर
सरकार ४५% विदेशियों से और २१ % भारतीयों से टैक्स वसूलती है |
गुजरात मे तो तो २३% वैट है .. आंध्रप्रदेश मे ४५% वैट है .. महाराष्ट्र मे ३२% वैट है .. कल महाराष्ट्र के कांग्रेसी मुख्यमंत्री ने

साफ साफ कहा कि महाराष्ट्र वैट तभी कम करेगा जब केन्द्र गांरटी दे कि जितने का नुकसान होगा उतने की भरपाई करेगा
झूठवाडिया पहले ये तो बताओ की कांग्रेस शाषित राज्यों मे कांग्रेस पेट्रो प्रोडक्ट पर वैट क्यों वसूल रही है ? क्या दिल्ली ,
महाराष्ट्र , हरियाणा , राजस्थान मे डीजल या पेट्रोल गुजरात से सस्ता है ?|पोती दादी को सीख दे और खुद मजे करे !!! राज्य
पेट्रो प्रोडक्ट पर वैट कम करे ..केन्द्र नहीं करेगा !! सभी मुर्ख कांग्रेसी पोस्ट कर रहे है की गुजरात सरकार गैस और पेट्रोल पर राहत
क्यों नहीं दे रही है ..
इसके लिए सबसे पहले टैक्स स्ट्रक्चर को समझना होगा ..केंद्र राज्य आयोग के नियम के तहत कुछ टैक्स केंद्र सरकार लेती है और
कुछ टैक्स राज्य सरकार .. लेकिन गैस और पेट्रोल पर २१% एक्साइज ,१३ इम्पोर्ट ड्यूटी ५% तेल के टेंकरों से पोर्ट टैक्स , तथा ७%
रिफाइनरीग टैक्स खुद केंद्र सरकार वसूलती है . इतना ही नही क्रूड का कोई भी बाई प्रोडक्ट फेका नही जाता बल्कि कई बाई
प्रोडक्ट तो पेट्रोल से भी महंगे बेचे जाते है |बेंजीन , टालूइन , कोलतार , केरोसिन , पॉलिएस्टर फाइबर आदि चीजे बेच कर
केन्द्र सरकार पेट्रोल और डीजल की कई गुणा कीमत पहले ही वसूल लेती है. राज्य सरकार ८% -३५ % वैट वसूलते है .. अब
केंद्र सरकार खुद अपने द्वारा वसूलने वाले टैक्स में कोई राहत क्यों नहीं दे रही है ?? वो राज्यों को क्यो सीख दे रही है ?? इसका जबाब
है आज १८ राज्यों में कांग्रेस सत्ता से बहार है और चार राज्यो में वो गठबंधन से सरकार चला रही है .. इसलिए उसने राज्य सरकारों
को बदनाम करने के लिए ये सलाह दी है .. अगर कांग्रेस को जनता की चिंता होती तो वो खुद केंद्र सरकार द्वारा वसूले जाने वाले
टैक्स को खत्म कर देती ..
अब रही बात गुजरात की .. सब जानते है की यहाँ शराब बंदी है .. दूसरे राज्य जहा शराब बिकती है वहाँ राज्य सरकारे २३%
आबकारी कर तथा खरबो रूपये लाइसेन्स फ़ीस के रूप में वसूलती है .. दिल्ली , यूपी महाराष्ट्र या राजस्तान का कुल टैक्स
क्लेक्शन का ४०% आय सिर्फ शराब से आता है .. इसलिए यदि ये राज्य पेट्रो प्रोडक्ट पर वैट खत्म भी कर दे तो इनकी
आय पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा .. लेकिन गुजरात में सरकार के पास आय का सिर्फ वैट ही एक साधन है इसलिए यदि गुजरात
सरकार पेट्रो प्रोडक्ट पर वैट घटाए तो फिर राज्य के विकास के उपर बहुत ही प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा .. एक समझौता केन्द्र
और गुजरात सरकार के बीच में हुआ था .. जिसके तहत गुजरात सरकार के कुल खर्च का २१% केंद्र सरकार देगी .बदले में गुजरात सरकार
को शराब बंदी लागू करना होगा ..
जब तक गुजरात में कांग्रेस की सरकार थी तब तक तो केंद्र ने अपना वायदा निभाया .. लेकिन अब गुजरात की मोदी सरकार कांग्रेस की
आंख में रेती के कण की तरह चुभ रही है , इसलिए केंद्र की कांग्रेस सरकार ने अब समझौते को आगे बढाने से इंकार कर दिया .. ताकि
राज्य के सारे विकास के कम रुक जाये और मोदी सरकार को बदनाम करने का मौका मिल जाये . इसलिए अब उसने गुजरात सरकार की
आय को कम करने के लिए एक नया शगूफा छोड़ा है ..
चलो एक पल को मान लेते है कि २१% वैट वसूलने वाली मोदी सरकार जनता को राहत नही दे रही है ..तो फिर ४६% टैक्स वसूलने वाली
केन्द्र सरकार क्या सोनिया और राहुल के तलवे चाट रही है ?आज अगर कांग्रेस चाहे तो गुजरात मे पचास रूपये प्रति लीटर पेट्रोल
सस्ता हो सकता है मुर्ख कांग्रेसियो दूसरे को सीख देने से अच्छा है कि तुम खुद उसे अमल करो . जनता अब तुम्हारी लुच्चाई समझ
चुकी है
गुजरात कांग्रेस के नेताओ को केंद्र की कांग्रेस सरकार द्वारा रेलवे प्रोजेक्ट को
लेकर हों रहा सौतेलापन क्यों नहीं दिखता ?
गुजरात कांग्रेस ने नेताओ को केंद्र की कांग्रेस सरकार द्वारा रेलवे प्रोजेक्ट को लेकर हों रहा सौतेलापन क्यों नहीं दिखता ? लेकिन
आप को जान कर शायद ये विश्वास ना हों कि गुजरात रेलवे के मामले मे आज भारत का सबसे पिछड़ा राज्य है .. आज भी गुजरात के पाच
जिला मुख्यालय रेलवे से जुड़े नहीं है ..
एनडीए सरकार ने... गुजरात मे कुल पांच बड़े रेलवे अस्पताल की मंजूरी दी थी .. जो बडोदा , अहमदाबाद , राजकोट , सूरत , और भावनगर
मे बनने थे .. इसके लिए शर्त ये थी कि जमीन राज्य सरकार उपलब्ध करवाएगी .. और इन अस्पतालों मे पचास फीसदी बेड सामान्य
प्रजा और पचास फीसदी रेल कमर्चारियो के लिए होंगे .. इस अस्पतालों का मैनेजमेंट रेलवे करेगा ..
लेकिन ममता बनर्जी ने इस पुरे प्रोजेक्ट को बंगाल ट्रांसफर कर दिया मुझे सबसे आशचर्य होता है कि क्या अर्जुन मोधवाडिया की
आखे खराब है ? वो खुद पोरबंदर से है और पोरबंदर रेलवे स्टेशन पर सिर्फ एक ही टिकट खिडकी है .. अर्जुन मोधवाडिया तो अपनी
मर्सिडीज से मोदी के बनवाये एक्सप्रेस वे से सिर्फ पांच घंटे मे अहमदाबाद से पोरबंदर पहुच जाते है लेकिन बेचारी पोरबंदर की गरीब
प्रजा को रेल से आने मे करीब चौदह घंटे लगते है यही हालत भावनगर का है .जहां से शक्ति सिंह गोहिल है .. आज भी भावनगर से बरोड़ा
अगर रेल से जाना हों तो करीब चौदह घंटे लगते है लेकिन बस से सिर्फ ४ घंटे ..जी हा सिर्फ चार घंटे ..
जबकि आज रेल मंत्री दिनेश त्रिवेदी खुद गुजराती है वे कच्छ के मूल निवासी है .. इसके पहले नारन राठवा रेल राज्य मंत्री भी गुजरात
से थे और भरत सिंह सोलंकी भी ..आज पुरे गुजरात मे रेल का कोई भी कारखाना नहीं है .. एनडीए सरकार ने जो रेल कोच फैक्ट्री बरोड़ा मे
और रेल मे पहिये बनाने की फैक्ट्री राजकोट मे स्वीकृत की थी वो लालू यादव अपने छेत्र छपरा ले गए .. किसी भी कांग्रेसी नेता ने इस
पर कोई सवाल नहीं उठाया ..असल मे कांग्रेस ये कभी नहीं चाहती की गुजरात का विकास हों .. क्योकि उसे हर हाल मे मोदी को
कमजोर करना है .. इसके लिए वो गुजरात से साथ सौतेला वर्ताव करती है
गुजरात हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस का केन्द्र की कांग्रेस सरकार से सीधा सवाल ..
क्या केन्द्र गुजरात को सौतेला राज्य समझती है ? मित्रों, ये नीच कांग्रेस
गुजरात सरकार को बदनाम करने के लिए पूरे देश से २४ रूपये प्रति लीटर महंगा
सीएनजी गुजरात को देती है |
सोचिए सीएनजी पूरे भारत मे सिर्फ गुजरात मे ही निकलता है और जो बाहर से आता है उसके लिए भी गुजरात सरकार ने भरूच के पास
दहेज पर दुनिया का सबसे बड़ा एलएनजी टर्मिनल बनाया है जहां कतर से गैस आती है |
लेकिन कांग्रेस की केन्द्र सरकार ने गुजरात के साथ पिछले कई वर्षों से दोगलापन व्यहार कर रही थी ..केन्द्र सरकार दिल्ली को ३२
रूपये प्रति किलो के दर से सीएनजी देती है लेकिन गुजरात को वही गैस जो गुजरात की जमीन से ही निकला है उसे रूपये 49.80 प्रति
किलो के भाव से देती है |
मजे की बात ये है की कांग्रेस आलाकमान के पाले हुए जमूरे और लबार जोकर गुजरात के कांग्रेस के नेता जैसे दुर्योधन झूठवाडिया,
अशक्ति जाहिल, और हटेला और भागेला जैसे नमूने गुजरात मे सीएनजी के दाम को लेकर मोदी मोदी कहकर अपनी छाती कुटते रहते है |
इन नमूनों को ये नही दिखता था कि जब इनकी ही पार्टी कांग्रेस की केन्द्र सरकार गुजरात को दूसरे राज्यों से डेढ़ गुने दाम पर सीएनजी
देती है तो गुजरात सरकार क्या करे ?
और जब इनसे केन्द्र सरकार के इस दोगलेपन के बारे मे पूछा जाता था तब ये नमूने या तो बात को टाल देते थे या कहते थे की गुजरात
सरकार झूठ बोल रही है केन्द्र गुजरात को भी उसी दाम पर सीएनजी देता है |
मित्रों, केन्द्र की कांग्रेस सरकार के इसी दोगलेपन को लेकर गुजरात हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका दायर की गयी थी , जिसकी
अंतिम सुनवाई कल खत्म हो गयी और फैसला भी आ गया |
चूँकि ये मामला गुजरात के ६ करोड लोगो के हितों से जुड़ा था और इसमें अन्याय करने वाला कोई और नही बल्कि भारत सरकार थी
इसलिए इस अहम मुद्दे की सुनवाई खुद गुजरात हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस भास्कर भट्टाचार्य और जस्टिस जे बी पारदीवाला की
खण्डपीठ कर रही थी | कल की सुनवाई पर केन्द्र की कांग्रेस सरकार के तरफ से पूरी ताकत लगा दी गई थी की गुजरात सरकार को महंगे
दाम पर ही सीएनजी गैस दिया जाय जिसके गुजरात सरकार को बदनाम किया जा सके | केन्द्र सरकार की तरफ से असिस्टेंट सोलिसिटर
जनरल पी एस चम्पनेरी के साथ बीस बड़े वकीलों की फ़ौज लगी थी |
लेकिन हाईकोर्ट ने आदेश दिया की कोई भी केन्द्र सरकार किसी भी राज्य के साथ दोगलापन रवैया नही अपना सकती ..
किसी भी वस्तु का मूल्य हर राज्य के लिए समान होना चाहिए | इसलिए अबिलम्ब केन्द्र सरकार गुजरात को भी उसी दाम
पर सीएनजी दे जिस दाम पर वो दूसरे राज्यों को देती है |
यहाँ तक कि हाईकोर्ट ने केन्द्र सरकार की सुप्रीम कोर्ट मे जाने के विकल्प स्टे को भी नही दिया ..
और कहा की ये आदेश आज से इसी वक्त से लागू माना जायेगा और इस मामले मे केन्द्र को सुप्रीम कोर्ट ने जाने के लिए कोई वक्त
नही दिया जायेगा .. केन्द्र इस आदेश को लागू करे और फिर अगर सुप्रीम मे जाना चाहती है तो जाये लेकिन स्टे नही मिलेगा क्योकि ये
देश को बाँटने की साजिश है |
गुजरात कांग्रेस अध्यक्ष का नाम अर्जुन झूठवाडिया हों चूका है क्योकि ये सिर्फ
झूठ बोलते है
गुजरात कांग्रेस ने नेताओ खासकर अर्जुन मोधवाडिया के झूठ का पर्दाफाश :-
झूठ #१ -- गुजरात के हर निवासी के सर पर बारह सौ का कर्ज है
------------------------------------------------------------------
हा हा हा हा !! लगता है कांग्रेसियो को अर्थशास्त्र और संवैधानिक प्रक्रिया या तो मालूम नहीं है या ये जानबूझकर जनता को
बरगलाते है ..
इकोनॉमिकस मे कई तरह की अर्थव्यवस्थाओ का जिक्र है ..आज़ादी के बाद भारत ने "घाटे की अर्थव्यवस्था" को अपनाया .. किसी
भी राज्य सरकार या केंद्र सरकार का किसी भी वित्तीय वर्ष का कुल खर्च उसके कुल आय से ज्यादा होता है .फिर सरकारों को अपने
बजट मे नयी योजनाओ के लिए भी पैसा चाहिए ..इसलिए सरकारे एक घाटे का बजट पेश करती है ..फिर सदन एक लेखानुदान प्रस्ताव
मंजूर करता है ..ये प्रक्रिया इस देश मे पिछले ६३ सालो से चल रही है .. अगर अर्जुन मोधवाडिया के बातों को सच माने तो केंद्र सरकार
के घाटे के बजट ने अनुसार इस देश के हर एक नागरिक के माथे चालीस हज़ार रूपये का कर्ज उसके पैदा होते ही उसके उपर हों जाता
है ....और इसकी कांग्रेस की राजस्थान और दिल्ली मे भी यही हाल है ..
इसलिए मित्रों ये एक अफवाह शंकर सिंह वाघेला और अर्जुन मोधवादिया फैला रहे है ..
झूठ # २- गुजरात के योजनाओ के लिए पैसा केन्द्र की कांग्रेस सरकार भेजती है ..
--------------------------------------------------------------------------------
तो क्या केंद्र सरकार को पैसा सोनिया गाँधी के बाप इटली से भेजते है ????
क्या केंद्र सरकार को पैसा सोनिया गाँधी के बाप इटली से देते है ? आखिर कांग्रेस के लोग बार बार किसी भी योजना को केन्द्र सरकार
की बता कर और केंद्र के द्वारा दिए गए पैसे से बता कर क्या साबित करना चाहते है ?? केंद्र सरकार के पास पैसा आता कहा से है ?
गुजरात से केंद्र सरकार को सबसे ज्यादा आयकर , एक्साइज , सर्विस टैक्स . पोर्ट टैक्स , कस्टम , के रूप मे जाता है ..यदि गुजरात
से १०० रूपये केन्द्र मे जाता है तो केन्द्र उसके सामने सिर्फ ७२ पैसे ही गुजरात भेजती है ..सबसे कम टैक्स कश्मीर से आता है और
केन्द्र सरकार सबसे ज्यादा फंड कश्मीर को देती है .. सभी राज्य अपने राज्य के लिए योजना आयोग को नई योजनाये बना कर भेजते
है और फिर केन्द्र उस योजना की फंडिंग करती है ..ये प्रक्रिया इस देश के संविधान मे लिखी है ..और पिछले ६३ साल से ये देश इसी
तरह चल रहा है ...कांग्रेस गुजरात को पैसे देकर गुजरात के उपर कोई एहसान नहीं कर रही है ..बल्कि गुजरात का हक है ..आप एक बार
केन्द्र राज्य आयोग और योजना आयोग के बारे मे पहले अच्छी तरह पढ़ ले ..फिर आप ऐसी बहकी बाते करे ..इस देश मे कुल १०४ तरह
के टैक्स वसूले जाते है जिसमे ८७ तो केन्द्र सरकार वसूलती है ..
इस देश के लिए हर एक राज्य का एक साल के कुल योजनाओ जिसमे नई और चालू दोनों योजनाओ की हर साल समीछा बैठक होती
है .फिर उस राज्य का कुल अनुदान मंजूर होता है ..ये हमारे संविधान मे लिखा है ..संविधान मे कई सौ पन्ने सिर्फ केंद्र राज्य संबंधो पर
है ..
केन्द्र की यूपीए सरकार गुजरात या किसी भी दूसरे राज्य के साथ कोई अहसान नहीं कर रही है ..केन्द्र से पैसा मिलना हर राज्य का हक
है .. इस देश मे ६३ साल मे से कुल आठ साल राज नहीं था तो क्या उस समय अभी राज्य भूखो मरते थे ??
झूठ #३ :- गुजरात मे एक लाख करोड का भ्रस्टाचार मोदी ने किया है
....................................................................................
अर्जुन भाई और शंकर भाई आप को किसी ने मोदी सरकार के खिलाफ एफ आई आर करने से रोका है ?? आप लोग बार बार कहते हों
कि कैग ने गुजरात सरकार के उपर एक लाख करोड का भ्रष्टाचार बताया है ..तो आप को ये भी मालूम होना चाहिए कि कैग के रिपोर्ट
के आधार पर कोई भी इंसान किसी भी थाने मे भ्रस्टाचार निरोधक कानून के तहत रिपोर्ट दर्ज करवा सकता है .क्योकि कैग एक
संवैघानिक संस्था है ..आज ए राजा अगर जेल मे है तो सिर्फ कैग के रिपोर्ट की वजह से ही है ...कैग के रिपोर्ट पर केन्द्र किसी भी
सरकार को बर्खास्त कर सकती है ..मधु कोड़ा की सरकार कैग की रिपोर्ट से ही गयी ..तो फिर कांग्रेस मोदी सरकार पर मेहरबानी क्यों
कर रही है ?
क्योकि कैग ने कोई भार्स्ताचार की बात नहीं की है ..हाँ जब भी कैग आडिट करती है तो अगर किसी चीज पर कैग संतुस्ट नहीं हों तो वो
क्युरी और शो काज नोटिस उस राज्य सरकार को भेजती है .फिर राज्य सरकार को उसका स्पस्टीकरण देना होता है ..
गुजरात मे कुछ परियोजनाये जैसे साबरमती रिवर फ्रंट बहुत सालो से चल रही है ..इसलिए इनका बजट बढ़ जाता है ..कैग ने इसी बात
पर राज्य सरकार से जबाब माँगा था ..जो उसे बाद मे मिल गया ..
मै फिर कहता हूँ कि अगर गुजरात मे भ्रष्टाचार और जंगल राज्य है तो क्या केंद्र सरकार के हाथो मे दही जमा है ?? वो चाहे तो एक
मिनट मे बर्खस्त कर सकती है ..लेकिन कांग्रेस की हिम्मत क्यों नहीं हों रही है ?? पहले तो एक छिक पर कांग्रेस राज्य सरकारों को
बर्खास्त किया करती थी ..
झूठ #४ ..अदानी को मोदी ने गुजरात लूटने के लिए दे दिया है
-----------------------------------------------------------
मित्रों ,.. रावर्ट वढेरा कई बार मुंद्रा पावर और मुंद्रा पोर्ट का विसिट आखिर क्यों करता है ? आखिर अदानी जो बिजली तीन रूपये मे
बनाएगा वही बिजली हरियाणा की कांग्रेस सरकार आठ रूपये मे क्यों खरीदने के सम्झाओता पर दस्तखत किया ?? आखिर राबर्ट वढेरा
अहमदबाद अदानी से मिलने बार बार क्यों आता है ?? मुंद्रा से हरियाणा तक जो हाई टेंसन के खंभे लग रहे है तो गुजरात सरकार जिस
भी किसान के खेत मे खंभे लग रहे है उसे बाजार भाव से पाच गुना मुवावजा देने के लिए आदनी से करार किया है ..लेकिन राजस्थान और
हरियाणा मे कांग्रेसी सरकारे किसानो को एक पैसा भी मुवावजा नहीं दे रही है ...
अगर राबर्ट वढेरा की बिजनस प्रोफाइल देखे तो फिर रावर्ट और अदानी दूर दूर तक कही सामान नहीं है ..फिर भी बार बार इनके बीच
मीटिंग का क्या रहस्य है ??
किसी भी पोर्ट के बारे मे कर या छूट जहाजरानी मंत्रालय के हाथ मे होता है ना की राज्य सरकार के हाथ मे ..फिर अदानी के मुंद्रा पोर्ट
को केन्द्र की कांग्रेस सरकार छूट क्यों देती है ??
कांग्रेस करे तो लीला ... दूसरे करे तो पाप ?
क्या उद्योगों को जमीन सिर्फ गुजरात मे ही दी जाती है ? मित्रों , गुजरात के आर्थिक विकास से कांग्रेस किस कदर कोमा
मे चली गयी है कि जब उसे उसका असली चेहरा दिखा दिया जाये तो उनकी बोलती बंद हों जाती है |
एक कहावत है कि " चाय से ज्यादा गर्म केतली होती है " | कुछ यही हाल गुजरात कांग्रेस के नेताओ का है | गुजरात कांग्रेस
के नेता कई बार कुछ ऐसी हरकते करते है जिससे खुद उनके हाईकमांड से लात खानी पडती है |
दो दिन पहले विधानसभा मे अर्जुन मोधवाडिया ने राज्य सरकार से गुजरात मे कुछ उद्योगों जैसे टाटा , पियुजो , डेमलर ,
जीएम , ह्युंडई, मारुति को दी गयी जमीनों के कीमतों और जन्त्री कर के बारे मे सवाल पूछा था |
लेकिन जब गुजरात की जमीन महसूल मंत्री आनंदी बेन पटेल ने अर्जुन भाई को जबाब दिया फिर तो उनकी बोलती ही बंद हों
गयी ..गुजरात मे उद्योगों को दी जाने वाली जमीनों के बारे मे मंत्री जी का विधानसभा मे जबाब आखिर कांग्रेस गुजरात की
जनता को मुर्ख क्यों समझ रही है ? महाराष्ट्र मे यदि कांग्रेस सरकार पुणे और चिंचवाड़ मे उद्योगों को जमीन देती है तो
गुजरात सरकार कम पैसे लेकर भी राज्य मे रोजगार बढाने के लिए क्या उद्योगों को जमीन नही दे सकती गुजरात सरकार ने
केरल सरकार , महाराष्ट्र सरकार , हरियाणा और तमिलनाडु सरकार से उनके राज्य मे उद्योगों को दी गयी जमीनों का ब्यौरा
और उन राज्यों मे उद्योग के लिए जमीन आवंटन की नीति का पूरा ब्योरा आरटीआई से मंगा लिया | और खुद गुजरात मे जब
कांग्रेस की सरकार थी तब कांग्रेस ने उद्योगों को किस भाव मे जमीन दी थी उसके भी सारे कागजात मंगा लिए |
और जब मंत्री जी ने अर्जुन भाई से कहा कि आप ये सारे कागजात एक बार पढ़ लीजिए ..
1- हरियाणा की कांग्रेस सरकार सोनिया गाँधी परिवार के तीन ट्रस्टो को जिसमे सिर्फ तीन लोग सोनिया , राहुल और
प्रियंका ही ट्रस्टी है पांच सौ एकड जमीन मुफ्त मे दी | इसका खुलासा आईबीऍन ७ ने भी कुछ महीने पहले किया था |
२- गुजरात मे जब कांग्रेस सरकार थी तब अंकलेश्वर से वापी के बीच एक इण्डस्ट्रीज ज़ोन बनाया गया था . इस ज़ोन
मे हर कम्पनी को १ रूपये के टोकन पर जमीन दी गयी थी |
३- महारास्त्र सरकार की इंडस्ट्रीज पॉलिसी के अनुसार हर ऐसे उद्योग को जिसमे २०० करोड का निवेश और २५०
लोगो को रोजगार मिलता हों उन्हें १ रूपये टोकन पर जमीन देती है .. और वहा सिर्फ मुख्यमंत्री भी कोई भी फैसला ले
सकता है |
जबकि गुजरात की इंडस्ट्रीज पॉलिसी के अनुसार ऐसे इंडस्ट्री जिसमे १००० करोड का निवेश हों और कम से कम
२५०० लोगो को रोजगार मिलता हों ऐसे ही कम्पनी को सब्सीडी पर जमीन मिलती है |
गुजरात मे बीस सदस्सीय कमेटी इस बारे मे फैसला लेती है . मुख्यमंत्री इस कमेटी मे शामिल ही नही है |
महारास्त्र और हरियाणा सरकार ऐसी जमीनों पर जन्त्री [स्टैम्प डयूटी ] भी नही लेती .जबकि गुजरात सरकार
जमीनों को सब्सिडी पर देती है लेकिन स्टैम्प ड्यटी बाज़ार के अनुसार ही वसूलती है |
सानंद मे टाटा मोटर्स से ८० करोड रूपये स्टैम्प डयूटी ली गयी है |
४- तमिलनाडु मे ह्युदई मोटर्स को मुफ्त मे जमीन दी गयी है |
५- खुद केन्द्र सरकार के द्वारा शासित प्रदेश जैसे दमन मे केन्द्र सरकार उद्योगों को १ रूपये टोकन पर जमीन देती
है और इतना ही नही दमन मे लगी हर एक फैक्ट्री को बीस सालो तक एक्साइज और सीएसटी नही देनी पडती |
आज पूरे दमन मे एक इंच जमीन खाली नही है ..
६- राबर्ट वढेरा ने जैसे ही डीएलएफ के ३०% शेयर लिए और इसके बोर्ड ऑफ डाईरेक्टर मे शामिल हुए सारे कांग्रेस
शासित राज्यों मे डीएलएफ को मुफ्त मे जमीन देने की होड मच गयी है |
हरियाणा की कांग्रेस सरकार ने बीस हज़ार एकड , राजस्थान की कांग्रेस सरकार ने पांच सौ एकड , महारास्त्र
सरकार ने मुंबई ,पूना सहित कई शहरों मे दो हज़ार एकड जमीन डीएलएफ को दी है ..
मित्रों असल मे कांग्रेस जैसी नीच राजनितिक दल पूरे विश्व के किसी भी देश मे नही होगी |
ये अगर कुछ करे तो लीला ..और दूसरे करे तो पाप ?
केन्द्र सरकार ने २ जी मामले मे सुप्रीम कोर्ट मे हर सुनवाई मे कहा कि हर सरकार के पास नीतिगत फैसले लेने का
संवैधानिक अधिकार है | सरकार जनहित मे कोई भी फैसला ले सकती है और इस पर कोई भी सवाल नही उठा सकता
| सुप्रीम कोर्ट ने भी कहा कि सरकार जनहित मे कोई भी फैसला ले सकती है लेकिन २ जी मे क्या जनहित है ? तो
केन्द्र सरकार चूप हों गयी |फिर गुजरात मे कांग्रेस के लिए सरकार की क्या अलग परिभाषा हों जाती है ?
मै सपनों के सौदागर गुजरात कांग्रेस के सभी नेताओ से पूछना चाहता हूँ कि तुम
जब 35 साल सत्ता पर थे तब तुम्हे घरविहीन लोगो को घर देने की याद क्यों नही
आयी ? कांग्रेस चाहे तो आज गुजरात के घरविहीन लोगो को घर दे सकती है ..
केन्द्र मे तो कांग्रेस की ही सत्ता है केन्द्र के कोटे से तुम घर क्यों नही दिलाते ?
क्यों कहते हो की जब कांग्रेस गुजरात मे सत्ता पर आएगी तभी घर दिया जायेगा ?
हमेशा मीडिया केन्द्र सरकार की चापलूसी करती है
अभी आप लोग देख ही रहे होंगे हर एक मीडिया चाहे वो प्रिंट मीडिया हों या टीवी सभी के सभी कांग्रेस और केंद्र सरकार के चमचे बन कर
काम कर रहे है खासकर कांग्रेस ने चार प्रदेशों मे मीडिया मैनेजमेंट पर सभी हथकंडे जैसे साम ,दाम , दंड भेद . अपना रही है . ये प्रदेश है
गुजरात , कर्णाटक , पंजाब , और यूपी ..आइये पहले जाने की प्रिंट मीडिया केन्द्र सरकार की गुलाम क्यों बन जाती है
१- न्यूज़ प्रिंट पेपर का कोटा और बम्पर सब्सिडी :-
न्यूज़ प्रिंट पेपर [ अखबारी कागज ] कनाडा से इम्पोर्ट होता है . जो काफी खर्चीला होता है . लेकिन सरकार ने सभी प्रकाशन हॉउस को
उनके सर्कुलेशन के हिसाब से एक कोटा देती है और काफी बम्पर सब्सिडी देती है ..सारा खेल इसी सब्सिडी के लालच का ही होता है ..
जायदातर अखबार वाले अपना सर्कुलेशन सरकार को झूठा बताकर अपना कोटा बढ़वा लेते है और सरप्लस पेपर को मार्केट मे मार्केट
दामो पर बेच कर करोडो रूपये बिना हर्रे फिटकरी के कमा लेते है ..इसलिए आज कांग्रेस ने उन सभी राज्यों खासकर गुजरात मे इसी खेल
का सहारा लेकर कई अखबारों को अपना "मुखपत्र " बना दिया है ..
आज आप गुजरात के दो अखबार गुजरात समाचार और सन्देश पढ़ो तो ऐसा लगता है जैसे इसके संपादक खुद सोनिया गाँधी या अहमद
पटेल है ..दरअसल आज गुजरात कांग्रेस के लिए एक वाटरलू की लड़ाई बन गया है और कांग्रेस ये अच्छी तरह जानती है कि वो गुजरात
मे ईमानदारी से कभी सत्ता मे नहीं आ सकती और इसलिए उसने मोदी सरकार के खिलाफ हर रोज एक अफवाह फ़ैलाने के लिए इस
अखबारों का सहारा ले रही है ..
कल तक रोज यदुरप्पा के खिलाफ छापने वाला गुजरात समाचार आज तक कभी शीला दिछित के बारे मे एक बार भी नहीं छपा ..
और तो और हर रोज "नेटवर्क " मे गाँधी परिवार के चमचे गुनवंत शाह बे सिर पांव की बात लिखते है . जैसे उन्होंने १० अगस्त को लिखा
है की सोनिया और राहुल गाँधी प्रधानमंत्री पद को लोकपाल के दायरे मे लाने को तैयार थे लेकिन बीजेपी और शरद पवार ने सोनिया गाँधी
को मना कर दिया .. क्या इस बकवास पर कोई भी इंसान विश्वास कर सकता है ?
२- सरकारी विज्ञापन : -
केंद्र सरकार अंपने एक बिभाग DAVP के द्वारा सभी मीडिया मे विघ्यापन देता है .. परन्तु इसके लिए कोई भी गाइडलाइन नहीं है ...
केंद्र सरकार सिर्फ उन्ही अखबारों मे अपने अरबो रूपये के विज्ञापन देती है जो कांग्रेस की गुणगान करे .. गुजरात मे सबसे ज्यादा
सरकारी एड गुजरात समाचार मे छपने का यही कारण है ..
३- सरकारी पुरस्कार और अलंकरण :-
सरकार अपने चमचे अखबारों के मालिक और संपादको को पद्म अलंकरण और कई पुरस्कार खैरात मे बंटती है .. गुजरात चुनावो मे
कांग्रेस के लिए जी जान लगा देने के कारण ही चुनावो के तुरंत बाद गुजरात समाचार के मालिक शांति लाल शाह को पद्म श्री और कई
अन्य पुरस्कारों से नवाजा गया .. गुनवंत शाह को भी प्रियंका गाँधी के बच्चो के पोतड़े बदलने के एवज मे कई पुरस्कार मिले है ..
कल तक राहुल गाँधी के भट्टा परसौल के बारे मे रोज छपने वाला गुजरात समाचार आज पुणे फायरिंग पर एकदम चूप क्यों है ?
किसी ने कहा था कि जब तोप निकलना हों नामाकुल तो एक अखबार निकालो ..लेकिन आज के अखबार सिर्फ अपना फयदा नुकसान मे ही
रहते है .. उन्हें सच्चाई से कोई मतलब नहीं है सिर्फ उनकी जेबे भरनी चाहिए ..
मीडिया देश को ये बात क्यों नही बताती की कांग्रेस मे तो मालकिन और कुत्तों का रिश्ता है और कुत्ते कभी भी मलिक बनने का ख्याब
नही देख सकते .. बीजेपी मे तो कोई भी ख्वाब देख सकता है ,, कांग्रेस मे तो एक खानदान के तलवे ही चाटने है ,, पूरी जिंदगी गुलामी और
चाटुकारिता करके एक खानदान को खुश रखना है . कांग्रेस मे कोई कितना भी काबिल क्यों न हो क्या वो पार्टी प्रमुख बनने का ख्वाब
देख सकता है ?
मित्रों, मेरे कई मित्र मीडिया मे है ,, उनके अनुसार जब कांग्रेस के हर रोज घोटले की खबरे मीडिया की सुर्खिया बनने लगी तो कांग्रेस
हाईकमान ने सोनिया गाँधी के फेकी हुयी बोटी पर पलने वाले चैनेल एनडीटीवी के सम्पादक पंकज पचौरी को कोई योग्यता न होने के
बावजूद भी प्रधानमंत्री का मुख्य मीडिया सलाहकार के पद पर नियुक्त किया |
पंकज पचौरी ने सोनिया गाँधी से कहा की चूँकि कांग्रेस के खिलाफ हर रोज मामले सामने आ रहे है और उसे दिखाना मीडिया की मजबूरी
है इसलिए पंकज पचौरी और सोनिया गाँधी के मीडिया सलाहकार और कांग्रेस के मीडिया प्रभारी जनार्दन द्विवेदी ने ये प्लान रचा की
बीजेपी को बन्दं किया जाये
प्लान ये बनाया गया की क्यों न बीजेपी को जनता के बीच मे इनता बदनाम कर दिया जाये की वो कांग्रेस की कमजोरी का फायदा न उठा
सके | इसके लिए चैनेलों के मालिकों को मैनेज करने का काम पंकज पचौरी और जनार्दन द्विवेदी को और अखबारों के मालिकों को मैनेज
करने का काम हिंदुस्तान के सम्पादक विनोद शर्मा, आलोक मेहता, और अहमद पटेल को सौपा गया |
इसी क्रम मे गुजरात के सबसे नीच अखबार गुजरात समाचार के मलिक शांति लाल शाह को पद्म विभूषण से नवाजा गया .. संदेश
अखबार के मालिकों की बीस हज़ार करोड की प्रोजेक्ट एप्पल व्वुड्स जो कई सालो से लम्बित थी उसे पर्यवरण मंत्री जयराम रमेश की
असहमति के बगैर अहमद पटेल ने हरी झंडी दिलवा दी |
~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~
१- मोदी जी अडवाणी की रथ यात्रा के खिलाफ है और मोदी जी उससे अलग रहेंगे ..जबकि मोदी जी अडवाणी के गुजरात मे प्रवेश द्वारा
भिलाद मे स्वागत करने पहुचे थे .. और पूरे गुजरात साथ साथ रहे
२- मोदी और अरुण जेटली मे मतभेद है और इस बार मोदी जेटली को गुजरात से राज्यसभा मे नही भेजेंगे जबकि ये खबर पूरी तरह झूठी
साबित हुई |
३- मोदी जी के उपवास कार्यक्रम मे अडवाणी और सुषमा स्वराज नही आयेंगे जबकि न सिर्फ दोनों आये बल्कि भाषण मे मोदी को
प्रधानमंत्री बनने की वकालत की .
४- सुषमा और जेटली मे बोलचाल बंद है .ये खबर भी पूरी तरह झूठी साबित हुई
मित्रों, असल मे ये कांग्रेस की एक सोची समझी रणनीति है और इस गंदे खेल मे मीडिया पूरी तरह कांग्रेस के हाथो बिक चुकी है |
अब इस देश कि जनता इतनी जागरूक हो चुकी है कि उसे इस देश कि कुत्ती और नीच मीडिया बरगला नही सकती .. पिछले पांच सालो मे
इस देश मे जितने भी चुनाव हुए भी मे कांग्रेस को मुंह कि खानी पड़ी ..क्योकि इस देश कि जतना अब मीडिया और कांग्रेस के बीच हुए
गंदे गठजोड़ को समझ चुकी है |
कांग्रेस के ईशारे पर भारत की भांड, नीच और बिकाऊ मीडिया बीजेपी मे अंतर्कलह की झूठी खबरे दिखा रही है ..
इनमे सबसे आगे एनडीटीवी जबकि असल मे कांग्रेस और प्रणव रॉय मे समझौता हो गया की कांग्रेस प्रणव रॉय के आगे बोटी फेकती
रहेगी और उन्हें सभी घोटालों से बचा लेगी बदले मे प्रणव रॉय बीजेपी और खासकर नरेंद्र मोदी जी के खिलाफ झूठी प्रोपेगंडा करते
रहेंगे
भारत का अपने तरह का पहला और अनूठा प्रोजेक्ट "साबरमती रिवरफ्रंट" का
पहला चरण पूरा हो गया
भारत का अपने तरह का पहला और अनूठा प्रोजेक्ट "साबरमती रिवरफ्रंट" का पहला चरण पूरा हो गया जिसमे ११ किमी मे बने वाक
वे का लोकार्पण मोदी जी ने किया | मित्रों, ये एक ऐसा प्रोजेक्ट है जो पूरा बने बिना ही देश विदेश के कुल २० पुरस्कार पा चूका है |
इसमें नदी के दोनों तरफ कंक्रीट का किनारा बनाकर और वहाँ पेड पौधे, रेस्टोरेंट , आदि बनाकर इसे खुबसूरत बनाना था | फिर नदी मे
एम्फिबियन बस, छोटे क्रूज शिप, तैरते होटल , वाटर स्पोर्ट आदि का प्रावधान होगा |
शुरू मे कांग्रेस के द्वारा खड़ी की गयी कई अडचने
************************************
मित्रों, इसे बनाना इतना आसान नही था , क्योकि कांग्रेस को ये डर सताने लगा कि यदि ये प्रोजेक्ट बनेगा तो मोदी जी की लोकप्रियता
मे बहुत ही वृद्धि होगी और देश विदेश मे उनकी ख्याति और बढ़ेगी | इसलिए कांग्रेस ने इसके खिलाफ गुजरात हाईकोर्ट मे अब तक कुल
15 केस दाखिल किया |पहले कांग्रेस ने कोर्ट मे ये कहा की ये नदी को खत्म कर देगा | फिर नदी के किनारे बने झोपडपट्टी को मुद्दा
बनाया | जबकि गुजरात सरकार पहले ही ये एलान कर चुकी थी कि जितने भी झोपडपट्टी वाले विस्थापित होंगे उनको बहुत ही अच्छा
फ़्लैट दिया जायेगा | लोकार्पण के समय मोदी जी ने कहा कि गुजरात कांग्रेस सिर्फ "हवन मे हड्डी" डालती है | गुजरात कांग्र्रेस
गुजरात का विकास नही चाहती बल्कि गुजरात को १७वीं सदी मे वापस ले जाना चाहती है . क्योकि नर्मदा नदी पर बने सरदार सरोवर
परियोजना पर भी कांग्रेस ने बहुत ही ज्यादा अडंगे डाले .. लेकिन जब केन्द्र मे अटल जी कि सरकार आई तब जाकर सरदार सरोवर
परियोजना मे तेजी आई और आज पूरा गुजरात इस परियोजना के माध्यम से बने केनाल के द्वारा सिंचाई की सुविधा से युक्त है |
साबरमती रिवरफ्रंट को अब तक कई पुरस्कार मिले जिनमे मुख्य है -- बेस्ट इनोवेटिव प्रोजेक्ट ऑफ इयर, प्रधानमंत्री का
बेस्ट पुरस्कार , बेस्ट आर्कीटेक्ट ओड़ द इयर, बेस्ट सिविल प्रोजेक्ट ऑफ द इयर आदि सोचिए
कांग्रेस को पता है की वो गुजरात मे सरकार नही बना सकती
►►►कॉंग्रेस ने आने-वाले चुनावो मे अपनी ऐतिहासिक सफाई होनेवाली है यह भाँप कर अभी से, नरेंद्र मोदी के पीएम पद की और
बढ़ते कदमो और देशभर मे उन्हे मिल रहे अभूतपूर्व समर्थन से घबरा कर, कॉंग्रेस फिरसे अपनी वही पुरानी वैश्यावृत्ति वाली नीच औ
हलकट राजनीती पे उतर आई है ।
कांग्रेस ने देश की जानी मानी एजेन्सी से सर्वे करवाया था जिसके अनुसार अगर मोदी जी गुजरात चुनावो मे भारी जीत हासिल करते है
तो फिर उनकी ईमेज देश मे एक बहुत बड़े और कद्दावर नेता के तौर पर उभर कर सामने आएगी | जो राहुल गाँधी की ईमेज को पूरी तरह
खत्म कर देगी फिर वो केन्द्र की राजनीती मे सक्रिय होंगे ..जिससे राहुल गाँधी के लिए राजनीती करना और प्रधानमंत्री
बनने का सपना चूरचूर हो जायेगा |
इस सर्वे के ये भी कहा गया है की अगर नरेंद्र मोदी गुजरात छोडकर पूरे देश मे घूमते है तो फिर उनकी स्वीकार्यता बहुत
बढ़ेगी और बीजेपी काफी मजबूत होकर उभरेगी .. चूँकि मोदी को संगठन खड़ा करने मे महारत है इसलिए वो बीजेपी को एकजुट
भी कर लेंगे |
ईमानदार छवि के बलबूते गुजरात में मोदी हैट्रिक लगा
अहमदाबाद। विधानसभा चुनावों को लेकर गुजरात पूरी तरह से तैयार है।2007 में भी गुजरात विधानसभा चुनावों में कांग्रेस को
मुंह की खानी पडी थी। 182 सीटों वाली गुजरात विधानसभा में 2007 चुनावों में भाजपा 117 सीटें हासिल हुई थीं जबकि कांग्रेंस
को 59 सीटें मिली थीं। चुनाव प्रचार जोरो पर है।। इंडिया टुडे और ओआरजी के ओपिनियन पोल में यह अनुमान जाहिर किया
गया है। कांग्रेस की हालत 2007 के मुकाबले और भी पतली हो सकती है। ओपिनियन पोल की मानें तो अपनी ईमानदार और
विकास पुरुष छवि के बलबूते मोदी गुजरात में भाजपा को तीसरी बार सत्‍ता दिलाने में सफल होंगे।
पोल के मुताबिक इस चुनाव में भाजपा को 160 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया है जो कि पिछले चुनाव से 43 सीटें ज्‍यादा
है। वहीं कांग्रेस को 18 सीटें मिलने का अनुमान लगाया जा रहा है। पोल के अनुसार पूर्व मुख्यमंत्री केशुभाई पटेल की गुजरात
परिवर्तन पार्टी को केवल एक सीट मिलने के आसार हैं जबकि अन्य को 3 सीटें मिल सकती हैं। 20 दिसबंर को वोटों की गिनती
होगी।
अमिताभ बच्चन जब भी रेडियो और टेलीविजन पर एक विज्ञापन ‘खुशबू गुजरात
की’ करते हैं तो उनकी दिलकश आवाज और लहजे से एक बार तो मन करता है कि
पर्यटक की तरह गुजरात घूमा जाए।
गुजरात में विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा व काग्रेस समेत करीब एक दर्जन राजनीतिक दल मैदान में कूद चुके है।
काग्रेस, जीपीपी, राकापा, जदयू, माकपा,लोजपा, सपा व बस
...बसपा सहित हर दल के निशाने पर गुजरात गोरव मुख्यमंत्री नरेंद्र
मोदी है, सारी पार्टिया आज मोदी जी के पीछे हाथ धो कर पड़ गयी हें, क्यों की वो सिर्फ आम जनता के विकास और फायदे के
ही काम करते हें, और दुसरे दल सिर्फ लफ्फासी बाते ही करते हें, और घोटालो के बारे में तो आप जानते ही हें | अब ये सारे चोर
और घोटालेबाज दल और नेता यही चाहते हें, और यही काम करते आये हें की, जो भी इस देश का या जनता का विकास करता
हें या करने की कोशिश भी अगर करता हें तो ये उसे डुबोने में या उसे बहुत भारी अपराधी साबित करने में लग जाते हें| अब सब
मोदी जी के पीछे इसलिए ही पड़े हें क्यों की उनके द्वारा कराए गये विकास कार्यो की चर्चा भारत में ही नही पुरे विश्व में हो
रही हें |
मोदी जी देश के विकास की बात कर रहे है, जबकि अन्य दल वोट ''कटवा'' बनकर भाजपा और मोदी जी का चुनावी गणित
बिगाड़ने की रणनीति पर चल रहे है | काग्रेस अपने गुजरात प्रजा विकास दर्शन के जरिए अब तक सात चुनावी घोषणाएं कर
चुकी है, जिसमें महिलाओं को आवास, युवाओं को रोजगार, ब्याज मुक्त मोबाइक, मुफ्त शिक्षा व स्वास्थ्य के साथ मुफ्त
लेपटॉप देने का झूठा वादा किया गया है।अगर गुजरात की जनता इन चोर कांग्रेसियों के झूठे वादों के चक्कर में पड़ी तो वो
अपने विकास पुरुष मोदी को खो देगी | और कांग्रेस फिर से गुजरात को बीमारू राज्यों की लाइन में ला कर पटक देगी
मेरी गुजरात वासियों से एक ही अपील हे की मोदी जेसा व्यक्ति उन्हें वापस कभी नही मिलेगा | वोटिंग वाले
दिन सब अपना काम बंद रख कर अपने परिवार के हर इंसान वो चाहे कहीं भी हो, उसका वोट मोदी जी के
पक्ष में डलवाए, जाती-पाती और दलगत निति से ऊपर उठ कर मोदी को वोट करे, और सारे चोर और लुटर
डालो को सबक सिखाये ताकि दुबारा वो गुजरात का रुख नही करे| इसलिए इस बार स्पष्ट बहुमत के साथ
नरेन्द्र मोदी को ही भाजपा को वोट दे । तो इस बार वोट सिर्फ भाजपा को । धन्यवाद ..........
मोदी लाओ गुजरात बचाओ
जय हिंद जय भारत
गुजरात चुनाव पर मिलिन्द्र त्रिपाठी का विशेष संकलन 

कांग्रेस बजट से गुजरात को बर्वाद करना चाहती है

मित्रों , केन्द्र की कांग्रेस सरकार के आंख मे गुजरात की मोदी सरकार एक रेती के कण की तरह चुभ रही है | आप अगर
केंद्रीय बजट को पूरा पढेंगे तो आपको एकदम स्पष्ट दिखाई देगा कि ये बजट सिर्फ और सिर्फ गुजरात को बर्बाद करने के
इरादे से टारगेटेड बजट है |
1- गुजरात का राजकोट शहर पूरे विश्व मे ज्वेलरी निर्माण के लिए प्रसिद्ध है .. केन्द्र सरकार ने इस बजट मे सुनारो
को बुरी तरह प्रताड़ित किया है | सोने मे इम्पोर्ट डयूटी दोगुनी कर दी गयी है .और महीने मे दो लाख से ज्यादा
बेचने वाले सुनारो को अब टीडीएस भरना पडेगा | जिसका सीधा असर आम आदमी को होगा |क्योकि भारत मे गहने
विलासिता नही माने जाते बल्कि गहने हमारी भारतीय संस्क्रती और हिंदुत्व मे मूल मंत्रो मे है | भारतीय संस्कृति
मे शादी मे गहने का बहुत महत्व है |आज तक किसी भी सरकार ने गहनों को टारगेट नही किया लेकिन चूँकि सोनिया
गाँधी विदेशी मूल की है और उनके सलाहकार अहमद पटेल मुस्लिम है इसलिए सोनिया गाँधी ने जानबूझकर हिंदू
महिलाओ के गहने खरीदने के सपने तो तोड़ दिया है |
- इस बार इमिटेशन ज्वेलरी पर भी टैक्स लगा दिया गया है जो सौराष्ट्र का कुटीर उद्योग है |
2- गुजरात विश्व का ओटो हब बनने की दिशा मे था लेकिन अब .........
मित्रों , आज अमेरिका के डेट्रायट से भी ज्यादा तेजी से गुजरात ऑटोमोबाइल हब बनता जा रहा है | टाटा मोटर्स ,
डेमलर क्रिसलर, जीएम , ह्युंडई, मारुति , होंडा मोटर्स , होंडा स्कुटर, हीरो , अशोक लेलेंड , एएमडब्लू, बीएमडब्ल्यू ,
प्युजो , रिनोल्ट , फोर्ड मोटर्स , लैंडरोवर्स .. मतलब विश्व के सभी ओटो दिग्गज या तो आज गुजरात मे है या
उनका काम अभी चल रहा है | किसी बड़े ऑटोमोबाइल कम्पनी के आने से उसके साथ उस कम्पनी मे विभिन्न पुर्जे
सप्लाई करने वाली भी हजारों कंपनिया भी निवेश करती है |
लेकिन इस बार केन्द्र सरकार ने ऑटोमोबाइल सेक्टर को बुरी तरह झटका दिया है .
१- लग्जरी कारों पर एक्साइज २६% कर दिया गया है
२- सेडोन कारों पर एक्साइज २२% कर दिया गया है
३- छोटी कारों पर एक्साईज १२% कर दिया गया है
४- डीजल कार और डीजल इंजन पर अलग से ८% टैक्स लगा दिया गया है |
मित्रों , इसका सीधा असर राजकोट और कच्छ के तमाम छोटे छोटे ऑटोमोटिव कम्पोनेंट बनाने वाली कम्पनियों पर
होगा . सूरत के टेक्सटाइल सेक्टर को भी नही छोड़ा
3- सूरत का टेक्सटाइल उद्योग ऐसा सेक्टर है जिसमे सबसे ज्यादा गरीब लोगो को रोजगार मिला हुआ
है लेकिन कांग्रेस की केन्द्र सरकार ने इसे भी बर्बाद करने की पूरी योजना बनाई है …….
१- आर्टिफिशियल फाइबर्स पर १२% टैक्स थोप दिया |
२- कोटन पर ६% एक्साइज कर थोप दिया |
३- लुम्स मशीनों के आयात पर ७% डयूटी लगा दी गयी |
४- डाईज और पिगमेंट को विशिष्ट श्रेणी के केमिकल से हटा दिया गया जिससे अब डाई और पिगमेंट पर १२% आयात
कर देना होगा |
५- साल मे पचास लाख से ज्यादा टर्नओवर करने वाली छोटी लुम्स को भी अब एक्साइज देना पडेगा . जो पहले एक
करोड थी |
फार्मा उद्योग …………….
गुजरात पूरे भारत मे सबसे बड़ा फार्मा हब था . लेकिन केन्द्र सरकार की एक्साइज पॉलिसी ने इस उद्योग को बुरी
तरह बर्बाद कर दिया है | भूकम्प के बाद वाजपेयी सरकार ने कच्छ को १० साल तक एक्साइज फ्री ज़ोन घोषित किया
गया था .लेकिन कांग्रेस सरकार ने इसे आगे बढाने से मना कर दिया | केन्द्र सरकार कुछ पहाड़ी राज्यों जैसे हिमाचल
प्रदेश और उतराखण्ड को एक्साइज फ्री घोषित कर दी है जिससे गुजरात को बहुत बड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है |
4- सूरत का हीरा उद्योग ………………..
कांग्रेस शुरू से ही सूरत के हीरा उद्योग को बर्बाद करने पर तुली हुई है क्योकि इस उद्योग मे सबसे ज्यादा सौराष्ट्र
मूल मे लोग लगे हुए है और सौराष्ट्र मे लोग कांग्रेस से बहुत घृणा करते है |
हीरा उद्योग मे हीरे की घिसाई और पोलिसिंग मे लाखो लोगो को रोजगार मिला हुआ है और पूरे विश्व से हीरे घिसाई
और पालिश के लिए सूरत ही आते है जिस पर सरकार आयात कर वसूलती है और फिर जब घिसाई मे बाद हीरे विदेश
भेजे जाते है तो सरकार फिर टैक्स वसूलती है | इस बार हीरा उद्योग को कुछ राहत मिलने की उम्मीद थी लेकिन
कांग्रेस ने उनका भी गला घोट दिया |
असल मे कांग्रेस अब ये बात अच्छी तरह समझ चुकी है कि उसे आने वाले कई सालो तक गुजरात की सत्ता नसीब
नही होने वाली है इसलिए वो गुजरात और गुजरात सरकार को बदनाम करने के लिए ये सब गंदी चाल चल रही है |
गुजरात चुनाव पर मिलिन्द्र त्रिपाठी की विशेष प्रस्तुति 

सरकार पर प्रहार

सरकार पर प्रहार
सरकार पर प्रहार

देश का गरीब

देश का गरीब
देश का गरीब

संघर्ष

संघर्ष
संघर्ष

love trust

love trust
love trust

जागो उठो

जागो उठो
जागो उठो

दिल में हूँ या दिमाग में हूँ कैसे भी हूँ पर हूँ जरुर

दिल में हूँ या दिमाग में हूँ कैसे भी हूँ पर हूँ जरुर
milindra tripathi

master of stock जिन्दंगी मिसाल बन जाये !

master of stock जिन्दंगी मिसाल बन जाये !
master of stock जिन्दंगी मिसाल बन जाये !

मेरा दोस्त

मेरा दोस्त
मेरा दोस्त

thnx all of u my this big achivment

बोलना और क्या बोलना ?

बोलना और क्या बोलना ?
बोलना और क्या बोलना ?

सुविचार

सुविचार
सुविचार

प्यार किसे कहते है ?what is love

प्यार किसे कहते है ?what is love
प्यार किसे कहते है ?what is love

what is rich parson ?अमिर कौन

what is rich parson ?अमिर कौन
what is rich parson ?अमिर कौन

way of life

way of life
way of life

आपकी कीमत क्या है ?

आपकी कीमत क्या है ?
आपकी कीमत क्या है ?

the rock MILINDRA TRIPATHI

the rock MILINDRA TRIPATHI
मिलिन्द्र त्रिपाठी MILINDRA TRIPATHI

खोकर पाने का मजा

खोकर पाने का मजा
खोकर पाने का मजा

प्रसन्न रहो सुखी रहो

प्रसन्न रहो सुखी रहो
RESULTS GUARANTEED प्रसन्न रहो सुखी रहो

110% quality guarantee

110% quality guarantee
110% quality guarantee

जीने का अंदाज

जीने का अंदाज
indian जीने का अंदाज

गरीब अमिर

गरीब अमिर
गरीब अमिर

गरीब की मौत !

गरीब की मौत !
गरीब की मौत !

मैने गांधी को क्यों मारा

मैने गांधी को क्यों मारा
मैने गांधी को क्यों मारा

feel good try my tips now

feel good try my tips now
feel good try my tips now

what is think

what is think
what is think

its true ?now possible

its true ?now possible
its true ?now possible

गर्व से कहो में हूँ भारत वासी !

गर्व से कहो में हूँ भारत वासी !
गर्व से कहो में हूँ भारत वासी !

अनमोल वचन

अनमोल वचन
अनमोल वचन

निंदक आलोचक

निंदक आलोचक
working long time safe and happy निंदक आलोचक

दोस्ती शायरी

दोस्ती शायरी
दोस्ती शायरी

give small think

give small think
give small think

दम की बात है

दम की बात है
milindra दम की बात है

milindra

milindra
milindra tripathi

milindra tripathi ujjain india hero

milindra tripathi ujjain india hero
milindra

भारत का सच

भारत का सच
भारत का सच

आप हो क्या और क्या कर सकते हो

आप हो क्या और क्या कर सकते हो
PROF MY BEST WORK

tack your money मीठे बोल

tack your money मीठे बोल
tack your money every day

एक कड़वा सच

एक कड़वा  सच
एक कड़वा सच

जिन्दंगी और मौत -मिलिन्द्र त्रिपाठी

जिन्दंगी और मौत -मिलिन्द्र त्रिपाठी
जिन्दंगी और मौत -मिलिन्द्र त्रिपाठी

shri krshin क्रष्ण

shri krshin क्रष्ण
shri krshin क्रष्ण

shri ganesh

shri ganesh
shri ganesh

दम की बात है

दम की बात है
दम की बात है

the and tanks all of vistor

the and tanks all of vistor
all